हरियाणा के Kurukshetra से एक बेहद दुखद और झकझोर देने वाला मामला सामने आया है। प्रेम नगर इलाके में एक दंपती ने अपनी तीन साल की बेटी की हत्या करने के बाद खुद भी आत्महत्या कर ली। इस घटना ने पूरे इलाके को स्तब्ध कर दिया है।
बेटी के जन्मदिन पर हुई दर्दनाक घटना
मृत बच्ची अद्विका का सोमवार को जन्मदिन था, लेकिन वही दिन परिवार के लिए सबसे बड़ा दुख बन गया।
जानकारी के अनुसार, बच्ची एक गंभीर बीमारी—सेरेब्रल हाइपोक्सिया—से पीड़ित थी। इसी बीमारी से परेशान होकर माता-पिता ने यह भयावह कदम उठाया।
पहले बेटी को मारा, फिर खुद दी जान
बताया जा रहा है कि दंपती ने पहले अपनी बेटी को फंदे से लटका कर मार दिया और
उसके बाद खुद भी फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली।
मृतकों की पहचान जतिंद्र कुमार (30), उनकी पत्नी युक्ता (28) और बेटी अद्विका (3) के रूप में हुई है।
व्हाट्सएप मैसेज से हुआ खुलासा
आत्महत्या से पहले जतिंद्र ने अपने बहनोई को व्हाट्सएप पर एक मैसेज भेजा,
जिसमें लिखा था—
“हम खुदकुशी कर रहे हैं… मां को संभाल लेना।”
इस संदेश में कमरे की स्थिति और चाबी की जानकारी भी दी गई थी,
जिससे घटना की गंभीरता का अंदाजा लगाया जा सकता है।
सुसाइड नोट में लिखी वजह
पुलिस को मौके से 10 पन्नों का सुसाइड नोट भी मिला है।
इसमें बच्ची की बीमारी को इस कदम की मुख्य वजह बताया गया है।
प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि दंपती लंबे समय से मानसिक तनाव में थे।
पुलिस जांच जारी
सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शवों को कब्जे में लेकर आगे की कार्रवाई शुरू की।
मामले की गहराई से जांच की जा रही है ताकि सभी परिस्थितियों को स्पष्ट किया जा सके।
समाज के लिए गंभीर संकेत
यह घटना मानसिक स्वास्थ्य, पारिवारिक तनाव और बीमारी से जूझ रहे परिवारों की स्थिति को उजागर करती है।
विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे मामलों में समय पर भावनात्मक और चिकित्सीय सहायता बेहद जरूरी होती है।
निष्कर्ष
कुरुक्षेत्र की यह घटना केवल एक अपराध नहीं, बल्कि एक गहरी सामाजिक और मानसिक पीड़ा की कहानी है।
जरूरत है कि समाज ऐसे परिवारों को समय रहते सहारा दे, ताकि इस तरह की त्रासदियों को रोका जा सके।


