विधानसभा में सीएम योगी की बड़ी घोषणा
उत्तर प्रदेश विधानसभा में शुक्रवार को राज्यपाल के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव की चर्चा के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने एक महत्वपूर्ण घोषणा की। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार 1.06 करोड़ निराश्रित महिलाओं, वृद्धों और दिव्यांगजनों की पेंशन धनराशि में वृद्धि करने जा रही है। सीएम योगी ने स्पष्ट किया कि बजट में इसकी घोषणा नहीं हुई थी, लेकिन अब इस योजना में इजाफा किया जाएगा। यह फैसला समाज के सबसे कमजोर वर्गों को आर्थिक सहायता प्रदान करने की दिशा में योगी सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
पेंशन राशि में होगा बड़ा बदलाव
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विधानसभा सदन में कहा कि वर्तमान में चल रही तीन प्रमुख पेंशन योजनाओं – वृद्धावस्था पेंशन, विधवा पेंशन और दिव्यांगजन पेंशन – की धनराशि 1000 रुपये से बढ़ाकर 1500 रुपये की जाएगी। यह वृद्धि सीधे 1.06 करोड़ लाभार्थियों के बैंक खातों में पहुंचेगी। योगी जी ने जोर देकर कहा कि यह फैसला भाजपा के संकल्प पत्र में किए गए वादे के अनुरूप है। राज्य सरकार की इस घोषणा से ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों के गरीब परिवारों को राहत मिलेगी। पेंशन राशि में 50% की बढ़ोतरी से लाभार्थियों की मासिक आय में उल्लेखनीय सुधार होगा।
लाभार्थियों की संख्या और प्रभाव
उत्तर प्रदेश में वर्तमान समय में कुल 1.06 करोड़ से अधिक लोग इन तीन श्रेणियों की पेंशन प्राप्त कर रहे हैं। इसमें वृद्धजन, विधवाएं और दिव्यांगजन शामिल हैं। सीएम योगी ने कहा कि यह योजना समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक पहुंचाने के लिए बनाई गई है। पेंशन बढ़ोतरी से ग्रामीण अर्थव्यवस्था पर भी सकारात्मक असर पड़ेगा, क्योंकि अधिकांश लाभार्थी ग्रामीण क्षेत्रों से हैं। परिवारों की बुनियादी जरूरतें जैसे दवा, राशन और अन्य खर्चों में मदद मिलेगी। योगी सरकार ने पहले भी पेंशन योजनाओं को मजबूत किया है और यह कदम उसी दिशा में आगे बढ़ता है।
भाजपा संकल्प पत्र में था वादा
सीएम योगी ने अपने भाषण में विशेष रूप से भाजपा के संकल्प पत्र का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि पार्टी ने चुनाव से पहले ही वादा किया था कि सत्ता में आने पर पेंशन राशि बढ़ाई जाएगी। अब विधानसभा में इस घोषणा के साथ सरकार अपने वादे को पूरा कर रही है। यह फैसला बजट सत्र के दौरान आया है, जिससे विपक्ष के कई सवालों का जवाब भी मिल गया। योगी सरकार ने पिछले वर्षों में पेंशन योजनाओं के लाभार्थियों की संख्या बढ़ाने के साथ-साथ राशि में भी इजाफा किया है।
सामाजिक न्याय और जनकल्याण पर जोर
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि हमारी सरकार का फोकस गरीब, वंचित और निराश्रित वर्गों पर है। पेंशन बढ़ोतरी से इन परिवारों को सम्मानजनक जीवन जीने में मदद मिलेगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि पेंशन वितरण की प्रक्रिया पारदर्शी और समयबद्ध रहे। डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के माध्यम से राशि सीधे लाभार्थियों के खाते में जाएगी, जिससे भ्रष्टाचार की गुंजाइश कम होगी।
यह घोषणा यूपी में सामाजिक न्याय की दिशा में एक बड़ा कदम मानी जा रही है।
जनता की प्रतिक्रियाएं और अपेक्षाएं
घोषणा के बाद लाभार्थियों और राजनीतिक हलकों में सकारात्मक प्रतिक्रियाएं आई हैं।
कई वृद्ध और विधवा लाभार्थियों ने सीएम योगी का आभार जताया।
ग्रामीण क्षेत्रों में जहां पेंशन मुख्य आय का स्रोत है, वहां खुशी का माहौल है। विपक्ष ने भी
इस घोषणा का स्वागत किया है, हालांकि कुछ नेताओं ने इसे देर से आने वाला कदम बताया। कुल मिलाकर
यह फैसला योगी सरकार की जनकल्याणकारी छवि को और मजबूत करेगा।
योगी सरकार की जनकेंद्रित नीति
सीएम योगी आदित्यनाथ की यह घोषणा उत्तर प्रदेश में करोड़ों परिवारों के लिए राहत लेकर आई है।
1000 से 1500 रुपये तक पेंशन बढ़ोतरी से 1.06 करोड़ लाभार्थी सीधे प्रभावित होंगे।
भाजपा संकल्प पत्र के वादे को पूरा करना सरकार की विश्वसनीयता बढ़ाता है

