जब न्यायाधीश ही हत्यारों की अगुवाई करने लगे!: महेंद्र मिश्र (PART-1)
संविधान ही नहीं, अब समय देश बचाने का है. पिछले दस सालों में इस सरकार ने देश को जो जख्म दिए हैं, अब वे मवाद बनकर फूटने लगे हैं. इलाहाबाद हाईकोर्ट में जस्टिस शेखर यादव की घटना उसी का एक रूप है. न्याय की वेदी पर बैठा एक शख्स, जिसके लिए हर नागरिक न केवल…


