पीएसी स्थापना दिवस: सीएम योगी बोले – बीते साढ़े आठ वर्षों में यूपी की बदली हुई तस्वीर देश के सामने रखी

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उत्तर प्रदेश प्रांतीय सशस्त्र कांस्टेबुलरी (PAC) का स्थापना दिवस 17 दिसंबर 2025 को धूमधाम से मनाया गया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस अवसर पर PAC जवानों को संबोधित किया और कहा, “बीते साढ़े आठ वर्षों में हमने उत्तर प्रदेश की बदली हुई तस्वीर देश के सामने रखी है।” योगी ने PAC की भूमिका की सराहना की और कानून व्यवस्था, विकास और सुरक्षा में उनके योगदान को रेखांकित किया। यह आयोजन लखनऊ में PAC मुख्यालय पर हुआ, जहां परेड और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए गए। योगी सरकार ने PAC को आधुनिक बनाने पर जोर दिया है, जिसमें नए उपकरण, ट्रेनिंग और भर्ती शामिल हैं। यह दिवस PAC की स्थापना (1948) की याद दिलाता है और राज्य की सुरक्षा में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका को सम्मानित करता है।

पीएसी स्थापना दिवस: इतिहास और महत्व

PAC की स्थापना 1948 में हुई थी। मुख्य उद्देश्य राज्य में कानून व्यवस्था बनाए रखना और दंगों पर नियंत्रण। आज PAC यूपी की सुरक्षा की रीढ़ है। स्थापना दिवस पर:

  • परेड और मार्च पास्ट।
  • जवानों को सम्मान।
  • सांस्कृतिक कार्यक्रम।
  • नए उपकरणों का प्रदर्शन।

यह दिवस PAC जवानों के बलिदान और समर्पण को याद करता है।

सीएम योगी का संबोधन: यूपी की बदली तस्वीर

मुख्यमंत्री योगी ने PAC जवानों को संबोधित करते हुए कहा, “साढ़े आठ वर्षों में हमने यूपी की तस्वीर बदल दी है। पहले दंगे और माफिया राज था, अब विकास और सुरक्षा।” मुख्य बिंदु:

  • कानून व्यवस्था मजबूत।
  • माफिया और अपराधियों पर सख्ती।
  • PAC को आधुनिक बनाया।
  • नए बैटालियन और ट्रेनिंग सेंटर।
  • जवानों की भर्ती और सुविधाएं बढ़ाईं।

योगी ने कहा, “PAC ने राज्य की शांति में अहम भूमिका निभाई है।”

PAC का योगदान: सुरक्षा की रीढ़

PAC यूपी पुलिस का विशेष बल है। मुख्य योगदान:

  • दंगा नियंत्रण।
  • VIP सुरक्षा।
  • चुनाव ड्यूटी।
  • प्राकृतिक आपदा में राहत।
  • आतंकवाद विरोधी ऑपरेशन।

योगी सरकार में PAC को नए हथियार, वाहन और ट्रेनिंग दी गई है।

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