रायबरेली जनपद में घटित निर्मम घटना जिसमें दलित युवक हरिओम की मॉब लिंचिंग से हुई हत्या ने इंसानियत को शर्मसार कर दिया है.
यह केवल एक युवक की हत्या नहीं, बल्कि सामाजिक न्याय और समानता की उस भावना पर हमला है जिसके लिए बाबा साहब डॉ. भीमराव अम्बेडकर ने अपना सम्पूर्ण जीवन समर्पित कर दिया था.
देश के संविधान में सभी नागरिकों को समानता, न्याय और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता का अधिकार दिया गया है, लेकिन हाल की घटनाएँ यह दर्शाती हैं कि उत्तर प्रदेश की वर्तमान सरकार इन मूलभूत संवैधानिक मूल्यों की रक्षा करने में विफल रही है.
हरिओम की हत्या एक नियोजित मॉब लिंचिंग है, जिसने दलित समाज के भीतर भय और असुरक्षा का माहौल पैदा कर दिया है.
यह घटना भाजपा सरकार की बहुजन विरोधी मानसिकता को उजागर करती है, जहाँ सामाजिक रूप से वंचित वर्गों के प्रति अन्याय और अत्याचार लगातार बढ़ता जा रहा है.
इसी अमानवीय घटना के विरोध में एनएसयूआई गोरखपुर के कार्यकर्ताओं ने जिला अध्यक्ष सुशान्त शर्मा के नेतृत्व में अम्बेडकर की मूर्ति के समक्ष मुंह पर काली पट्टी बांधकर एक शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने वाले थे.
किन्तु पुलिस द्वारा जबरन गिरफ्तार करके इन्हें कैंट थाना भेज दिया गया. दरअसल इस प्रतीकात्मक विरोध का उद्देश्य दलित युवक के लिए न्याय की माँग करना और समाज में समानता, भाईचारे तथा संवैधानिक अधिकारों के प्रति जागरूकता फैलाना था.
इस दौरान राष्ट्रीय संयोजक योगेश प्रताप सिंह एवं अंकित पाण्डेय ने संयुक्त रूप से कहा कि यह अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है कि
“इस शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक तरीके से किए जाने वाले विरोध प्रदर्शन से पहले ही पुलिस प्रशासन द्वारा एनएसयूआई कार्यकर्ताओं को अनुचित रूप से गिरफ्तार कर लिया गया.”
यह कार्रवाई संविधान द्वारा प्रदत्त अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और लोकतांत्रिक अधिकारों का खुला उल्लंघन है.
जिला अध्यक्ष सुशान्त शर्मा एवं प्रदेश उपाध्यक्ष विख्यात भट्ट ने कहा कि शांतिपूर्ण विरोध किसी भी लोकतंत्र की आत्मा होती है—उसे दबाना, तानाशाही प्रवृत्ति को बढ़ावा देना है.
एन.एस.यू.आई. का यह संघर्ष समाज के अंतिम व्यक्ति तक न्याय पहुँचाने की दिशा में एक कदम है.
जिला उपाध्यक्ष रवि प्रकाश पाण्डेय, जिला सचिव अंकित गौड़ एवं सत्यम सिंह ने संयुक्त रूप से बताया कि हम बाबा साहब अम्बेडकर के
उस सपने को साकार करने के लिए प्रतिबद्ध हैं जहाँ हर नागरिक बिना किसी भेदभाव के समान अधिकारों के साथ जी सके.
इस दौरान यूथ कॉंग्रेस के जिला अध्यक्ष सूरज यादव, मनमोहन, अंकित चौहान, सोनू पासवान आदि मौजूद रहे.

